गणतंत्र दिवसः गलवान घाटी में शहीद हुए सैनिकों को मिलेगा गैलेंट्री सम्मान

0
267
File Photo

नई दिल्लीः पिछले साल जून के महीने में भारत और चीन की सेनाओं के बीच लद्दाख की पूर्वी सीमा गलवान में झड़प हो गई थी। इस झड़प में कई भारतीय सैनिक शहीद हो गये थे। इस बार 26 जनवरी गणतंत्र दिवस के मौके पर बिहार बटालियन के कर्नल संतोष बाबू सहित इंडियन आर्मी के अन्य जवानों को खास सम्मान मिलेगा।

ये वो शहीद जवान हैं, जिन्होंने बीते साल चीनी की अक्रामक पीएलए सेना को पूर्वी लद्दाख में अपनी जान गवांकर चीनी सेना को कब्जा करने से रोका था। इन्हें मरणोपरांत वीरता पदक से सम्मानित किया जायेगा। लद्दाख में जून के महीने में चीनी सैनिकों के साथ झड़प में 20 जवान शहीद हो गए थे।

कर्नल संतोष बाबू के साथ 19 और जवान शहीद हुए थे। इसमें नायब सूबेदार सतनाम सिंह और मनदीप सिंह के साथ बिहार रेजमेंट के 12, पंजाब रेजिमेंट के तीन, 81 एमपीएससी रेजिमेंट का एक और 81 फील्ड रेजिमेंट का एक जवान शामिल हैं। 15 जून को चीनी सैनिकों के साथ हुई हिंसक झड़प में कर्नल संतोष बाबू शहीद हो गए थे। कर्नल संतोष बाबू बिहार रेजीमेंट के कमांडिंग अफसर थे।

यह घटना पिछले कुछ दशकों में दोनों पक्षों के बीच सर्वाधिक गंभीर सैन्य संघर्षों में से एक रही। शहीद जवानों के सम्मान को लेकर अभी तक रक्षा मंत्रालय और इंडियन आर्मी की ओर से कोई बयान नहीं आया है। हालांकि, एक मीडिया चैनल के हवाले कहा जा रहा है कि इस बार गणतंत्र दिवस समारोह में गलवान में शहीद हुए कम से कम दो अफसर और तीन सैनिकों को वीरता पदक से सम्मानित किया जायेगा, जिन्होंने चीन के खिलाफ लड़ाई लड़ी थी।

जबकि चीन ने इस खूनी संघर्ष में हताहत हुए अपने जवानों की संख्या का खुलासा आज तक नहीं किया है लेकिन उसने आधिकारिक रूप से सैनिकों के मरने और घायल होने की बात स्वीकार की थी। एक अमेरिकी खुफिया रिपोर्ट के अनुसार चीन के भी 35 सैनिक मारे गये थे।

विज्ञापन